पांच जिलों के मतदाताओं का यूपी की वोटर लिस्ट से मिलान, आयोग ने शुरू किया डीएसई विद पीएसई अभियान
Dehradun: उत्तराखंड में चल रहे विशेष गहन पुनरीक्षण (एसआईआर) के आखिरी पड़ाव में चुनाव आयोग ने पांच जिलों में डेमोग्राफिक सिमिलर एंट्री (डीएसई) विद फोटोग्राफिक सिमिलर एंट्री (पीएसई) शुरू कर दिया है। यह अभियान बीएलओ एप के माध्यम से चलेगा। दोहरे मतदाताओं को किसी एक जगह ही अपना नाम रखना होगा।
यूपी से वोट काटने के लिए भेजा जाएगा पत्र
जिन मतदाताओं का नाम उत्तराखंड की वोटर लिस्ट में रहेगा, उनका वोट यूपी की वोटर लिस्ट से कटवाने के लिए यहां के ईआरओ की ओर से यूपी के संबंधित ईआरओ को पत्र भेजा जाएगा। इसके बाद उनका यूपी की वोटर लिस्ट से पूरी तरह नाम कट जाएगा।
फर्जीवाड़ा मतलब एक साल की जेल
लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम 1950 की धारा-17 के तहत एक मतदाता का नाम वोटर लिस्ट में एक से अधिक निर्वाचन क्षेत्र में नहीं हो सकता। अगर जानबूझकर मतदाता ऐसा करता है तो अधिनियम की धारा-13 के तहत उसे एक साल की जेल या जुर्माना या दोनों की सजा हो सकती है।
